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जिलाधिकारी ने तड़म पहुंचकर दिया मानवीय संवेदनशीलता का परिचय,अधिकरियों को दिये निर्देश


Sangam Today News/- 
Almora/-जिलाधिकारी अल्मोड़ा अंशुल सिंह सल्ट ब्लाक अंतर्गत ग्राम बोरड़ा तोक स्थित तड़म गांव पहुंचे। यहांं बीते दिनों मानव- वन्य जीव संघर्ष में ग्रामीण महिपाल सिंह की दुखद मृत्यु हो गयी थी।जिलाधिकारी ने गुरूवार को तड़म गांव पहुंचकर पीडित परिवार से मिलकर दुख साझा किया। इस दौरे से डीएम ने यह संदेश दिया है कि शासन-प्रशासन महज दफ्तरों तक सीमित नहीं है बल्कि संकट की दुखद घड़ी में जनता के साथ खड़ा है।उन्होंने कहा सरकार तथा प्रशासन पीड़ित परिवार के साथ संवेदनशीलता के साथ खड़ा है।तथा हर संभव सहायता मुहैया करायी जायेगी। 
डीएम ने दिया मानवीय संवेदनशीलता का परिचय
जिलाधिकारी ने पीड़ित परिवार की आर्थिक परिस्थितियों के मध़्यनजर मानवीय संवेदनशीलता का परिचय दिया है। परिवार की एक बेटी को अस्थाई रूप से तहसील कार्यालय सल्ट में डाटा एंट्री ऑपरेटर के रूप में तैनात करने के निर्देश उपजिलाधिकारी (SDM )को दिये।तथा दूसरी बेटी को शिक्षक स्वयं सेवक के रूप में अस्थाई नियोजन दिए जाने हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया। जिलाधिकारी ने कहा कि प्रशासन का प्रयास है कि इस दुखद घटना के बाद परिवार को संबल मिल सके तथा बच्चों का भविष्य प्रभावित न हो।

ग्रामीणों के साथ संवाद कर अधिकरियों को दिए निर्देश
 जिलाधिकारी ने ग्रामीणों के साथ विस्तृत संवाद किया और क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं को गंभीरता से सुना। ग्रामीणों ने वन्यजीवों के बढ़ते खतरे, आवागमन की कठिनाइयों, पेयजल संकट तथा मूलभूत सुविधाओं की कमी से उन्हें अवगत कराया। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को तत्काल कार्यवाही के निर्देश दिए।
उन्होंने पूरे ग्राम क्षेत्र में चेन लिंक फेंसिंग किए जाने के निर्देश दिए ताकि ग्रामीणों को जंगली जानवरों के खतरे से सुरक्षा मिल सके। साथ ही तड़म से भोनखाल तक मार्ग के सुधारीकरण एवं मार्ग पर सोलर लाइट लगाए जाने के निर्देश भी दिए, जिससे बच्चों और ग्रामीणों को आवागमन में सुविधा मिल सके तथा रात्रि के समय सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। उन्होंने कहा कि दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा और सुविधा प्रशासन की प्राथमिकता है।साथ ही वन विभाग को क्षेत्र में लगातार गश्त बढ़ाने के निर्देश दिए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके। इसके अतिरिक्त ग्रामीणों के लिए गधेरे से गांव तक पेयजल लाइन बिछाने के निर्देश भी संबंधित अधिकारियों को दिए गए, जिससे ग्रामीणों को पेयजल की समस्या से राहत मिल सके उन्होंने कुमेंरिया से बोरड तक सड़क निर्माण कार्य में भी शीघ्र कार्यवाही का आश्वासन दिया है। 
ग्रामीणों ने जिलाधिकारी के गांव पहुंचने, पैदल चलकर उनकी समस्याओं को समझने और संवेदनशीलता के साथ समाधान का भरोसा देने पर उनका आभार व्यक्त किया।इस मौके पर प्रभागीय वनाधिकारी दीपक सिंह, एसडीएम सल्ट रिंकू बिष्ट, अपर पुलिस अधीक्षक(ASP) हरबंश सिंह, तहसीलदार आबिद अली सहित अन्य विभिन्न विभागों के अधिकारी, स्थानीय पंचायत प्रतिनिधि मौजूद रहे।